|
|
|
|
|
|
13:00 |
1375 |
بنشين تا به تو گويم زينب
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
42:05 |
677 |
هر يکي از خيمه اي سويي هراسان مي رود
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
13:19 |
671 |
تويي آن غرقه به خوني که بزرگ شهدايي
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
23:41 |
492 |
بگير اين طفلک شش ماهه ام را
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
21:36 |
624 |
ميان خيمه ها زينب صدا ميزد حسين
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
21:20 |
528 |
از فضاي آسمان بوي شهيدان آيد
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
21:28 |
499 |
بسوز اي دل که امروز عزاي پور ختم المرسلين است
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
|
40:02 |
707 |
خواهم امشب خون ز چشم تر بگريم
|
|
|
|
|
|